करियरगाइडेंस4यू.कॉम - करियर आपके लिए-सही दिशा, खुशहाल जिंदगी

नीटमेडिकल

मेडिकल एट्रेंस एग्जाम 2021 :

NEET UG -2021
NEET UG -2021

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम नेशनल एलिजिबिलिटी-कम-एंट्रेंस टेस्ट (NEET-UG) के लिए पेपर पैटर्न में बदलाव के बाद मार्किंग पैटर्न को लेकर कैंडिडेट्स के मन में जारी सवालों के जवाब दिए हैं। इस बारे में जानकारी देते हुए एजेंसी ने बताया कि NEET-UG के टेस्ट पैटर्न को रिवाइज किया गया है। हर सब्जेक्ट में कैंडिडेट्स को 35 सवालों को अटैम्पट करना होगा। जबकि बाकी बचे 15 सवालों में से सिर्फ 10 क्वेश्चन अटैम्पट करना होगा।

पहली बार परीक्षा पैटर्न में हुआ बदलाव

यह पहली बार है जब मेडिकल एट्रेंस एग्जाम के परीक्षा पैटर्न में बदलाव किया गया है। साल 2020 तक NEET-UG में कैमेस्ट्री, फिजिक्स और बायोलॉजी (बॉटनी एंड जूलॉजी) से 180 ऑब्जेक्टिव टाइप के क्वेश्चन पूछे जाते थे। इनका आंसर सिर्फ बॉलपॉइंट पेन के जरिए विशेष रूप से डिजाइन शीट पर देना होता था। हर सही जवाब के लिए कैंडिडेट्स को चार मार्क्स दिए जाएंगे। वहीं, हर गलत आंसर के लिए एक मार्क की निगेटिव मार्किंग की जाएगी।

नए पेपर पैटर्न में हर सब्जेक्ट में होंगे दो सेक्शन

NTA के मुताबिक, नए पेपर पैटर्न में हर विषय में दो सेक्शन शामिल होंगे। इसके तहत सेक्शन- ए में 35 सवाल होंगे, जिनका कैंडिडेट्स को अनिवार्य रूप से जबाव देना होगा। जबकि, सेक्शन- बी में 15 सवाल होंगे, जिनमें से कैंडिडेट्स किसी भी 10 प्रश्नों को हल करने का ऑप्शन चुन सकते हैं।

12वीं के सिलेबस में कटौती के बाद परीक्षा पैटर्न में हुआ बदलाव

इससे पहले NTA ने बताया था कि कोरोना के कारण पढ़ाई को हुए नुकसान को देखते हुए 2020-21 में विभिन्न स्कूल शिक्षा बोर्ड ने 12वीं कक्षा के सिलेबस में कटौती की थी। इसे ध्यान में रखते हुए एजेंसी ने परीक्षामें पैटर्न में बदलाव करते हुए चार सब्जेक्ट्स में से प्रत्येक के लिए सेक्शन” बी ” में ऑप्शन देने का फैसला लिया है।”

Related posts
आयुर्वेदडेंटिस्टनीटनेचुरोपैथीन्यूज4यूफार्मेसीफिजियोथेरेपीमेडिकलहोम्योपैथी

नीट यूजी 2026 रजिस्ट्रेशन रिकॉर्ड: 26 लाख छात्रों ने किया आवेदन, MBBS सीटें 1.29 लाख; जानें कितनी बढ़ी प्रतिस्पर्धा

NEET UG 2026 Registration: देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी 2026 इस वर्ष 3 मई को आयोजित होगी। इस बार परीक्षा ने रिकॉर्ड बना दिया है। करीब 26.02 लाख छात्रों ने नीट के लिए आवेदन किया है, जिससे प्रतियोगिता ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई है। हालांकि मेडिकल…
करियर ऑप्शनटेक्नीशियनमेडिकल

अवसरों की कमी नहीं मेडिकल टेक्नालॉजी में

मौजूदा दौर में मेडिकल टेक्नोलोजिस्ट के रूप में कार्य करके एक युवा न सिर्फ चिकित्सकों, पैथोलोजिस्ट और लेब टेक्नीशियन का काम आसान कर सकते हैं बल्कि अच्छी आय व प्रतिष्ठा के साथ खुद का शानदार व्यवसाय भी कर सकते हैं। कई राज्यों में डिग्री के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण के बाद…
नीटमेडिकल

mbbs in hindi हिंदी में डॉक्टरी की पढ़ाई का फैसला अच्छा पर चुनौतियां भी कम नहीं

    राजेश जैन mbbs in hindi अब राजस्थान में भी डॉक्टरी की पढ़ाई हिंदी मीडियम से होगी। फिलहाल जोधपुर के सम्पूर्णानंद और बाड़मेर मेडिकल कॉलेज में हिंदी में पढ़ाएंगे। इन दोनों मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को विकल्प के आधार पर अंग्रेजी एवं हिंदी दोनों माध्यमों में…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *